agriculture

कीटनाशी रसायन के प्रयोग में बरती जाने वाली प्रमुख सावधानियां

कीटनाशी रसायन
Written by bheru lal gaderi

कीटनाशी रसायन ऐसे तत्व हैं जो हानिकारक जीवों को मारने या नियंत्रित करने के लिए उपयोग में लाए जाते हैं। कीटनाशी रसायन जैविक रूप से सक्रिय रसायन है जो अपने विषाक्त या हानिकारक प्रभाव के कारण हानिकारक जीवो को खत्म करते हैं। इसलिए वह मनुष्यों, पशुओं परागकर्ताओं पर गंभीर असर डालते हैं और दीर्घकालिक तथा महंगे भी है। इसलिए कीटनाशियों को बहुत सावधानी पूर्वक उपयोग करना चाहिए, जिससे से अधिकतम लाभ मिल सके और न्यूनतम नुकसान हो।

कीटनाशी रसायन भंडारण करते समय सावधानियां

  1. कीटनाशी रसायनों को जहां तक हो आवश्यकतानुसार ही खरीदना चाहिए। कभी भी आवश्यकता से अधिक रसायन लेकर नहीं रखना चाहिए।
  2. रसायनों को उनके डिब्बों में रखना चाहिए कभी भी टॉनिक आदि की शीशियों में नहीं रखना चाहिए। क्योंकि भूल से कोई उसे टॉनिक समझ कर पी सकता है।
  3. मकान में विशेषकर जिस कमरे में कोई सोता हो रसायनों को कभी भी नहीं रखना चाहिए क्योंकि विषैली गंध स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है।

Read also – सरसों की फसल के मुख्य कीट एवं उनकी रोकथाम

घोल बनाते समय सावधानियां

  1. घोल हमेशा खुली हवा में बनाना चाहिए।
  2. घोल बनाने में जो बर्तन प्रयोग किए जाएं वह इस प्रकार के हो जो घर में प्रयोग में न आते हो।
  3. रसायनों की उचित मात्रा निश्चित पानी में मिलाना चाहिए।
  4. घोल को मिलाने के लिए कभी भी हाथ का प्रयोग न करें हमेशा लकड़ी के डंडे या लोहे की छड़ आदि से हिलाना चाहिए।
  5. घोल बनाते समय या छिड़काव के समय अगर रसायन शरीर पर पड़ जाए तो तुरंत साबुन से साफ कर देना चाहिए।

Read also – कोसावेट फर्टिस के उपयोग से जीरे का उत्पादन बढ़ाएं

कीटनाशी रसायन के उपयोग के दौरान सावधानियां

  • जहां पर कीटनाशी रसायन का उपयोग हो रहा हो वहां पर बच्चों और पालतू पशु को मत आने दो। उन्हें दवाओं को कभी भी मत छूने दो।
  • कीटनाशक दवाओं को खेत में कभी भी खुला मत छोड़ो इस से बच्चों या जानवरों को हानि हो सकती है।
  • कीटनाशी रसायनों का उपयोग करने से पहले सुरक्षात्मक साफ कपड़े पहने। यदि काम करते समय कपड़े दवा से दूषित हो जाए तो तुरंत दूसरे कपड़े पहने।
  • कीटनाशी रसायनों का उपयोग करते समय आंखों और चेहरे को कभी न मले। कीटनाशक दवा की भाप और पाउडर में सांस लेने से बचें।
  • कीटनाशी रसायन का उपयोग करते समय कभी भी पानी न पिए, न खाना खाए और ना ही धूम्रपान करें।
  • यदि पहले छिड़काव यंत्र को खरपतवारनाशी दवा का उपयोग करने के लिए इस्तेमाल किया गया है तो उसे वाशिंग सोडा (2 ग्राम प्रति लीटर) के घोल से अच्छी तरह साफ कर लें और अन्य कीटनाशक दवा छिड़के।
  • कीटनाशी रसायन का छिड़काव उस दिन नहीं करें जब तेज हवा चल रही हो। कीटनाशक दवा छिड़कने वाले को अधिक आराम देने की व्यवस्था की जानी चाहिए। 1 दिन में 8 घंटे से अधिक काम नहीं करना चाहिए।
  • जो मनुष्य कीटनाशी रसायनों के उपायों कार्य को कुछ समय से लगातार करते हैं उसे रोजमर्रा कार्य समझकर सावधानियों की तरफ ध्यान नहीं देते हैं। इस प्रकार की प्रवृति को रोकना चाहिए।
  • गर्मी के मौसम में कीटनाशकों का छिड़काव सुबह में या शाम को करना चाहिए। ऐसे समय में सुरक्षात्मक कपड़ों को पहने से असुविधा नहीं होती।

Read also – मटर को कीट एवं रोगों से कैसे सुरक्षित रखें

विषाक्तता हानि के आधार पर कीटनाशी रसायनों का वर्गीकरण

 

वर्ग – 1

अत्यधिक

वर्ग – 2

अधिक

वर्ग – 3

सामान्य

वर्ग – 4

बहुत कम

नीचे वाले त्रिकोण का रंग

लाल पीला नीला हरा
ऊपर वाले त्रिकोण में चिन्ह विष विष खतरा

सावधान

अन्य सावधानियां

बच्चों से दूर रखें। यदि जहरीलेपन के लक्षण दिखाई दे तो तुरंत डॉक्टर को बुलाए। बच्चों से दूर रखें। बच्चों से दूर रखें। बच्चों से दूर रखें।
उदाहरण मोनोक्रोटोफॉस, मिथाइल, पैराथियान, फॉस्फोमिडॉन, एल्युमिनियम फास्फाइड एल्डीकार्ब। बेगोन, डाई-क्लोरोवोस फेनवरेट साइपरमेथ्रिन कार्बेन्डाजिम, मेलाथियान कार्बेरिल

केप्टान

छिड़काव के बाद सावधानियां

  • जो घोल छिड़काव के बाद बच जाए उसे अन्य व्यक्ति को जिसे छिड़काव करना है दे देना चाहिए। यदि उसका कोई उपयोग ना हो तो बेकार जगह में गड्ढा खोदकर गोल दबा देना चाहिए और उसके चारों तरफ कांटेदार जारी लगा देनी चाहिए।
  • छिड़काव के बाद साबुन से स्नान करना चाहिए कपड़ों को साफ करके धूप में सुखाना चाहिए स्नान के बाद ही भोजन अधिग्रहण करना चाहिए।

Read also – गेहूं की पछेती खेती के लिए बहुत उपयोगी जानकारी

प्रस्तुति :-

मुकेश कुमार खोखर विनीता दाहिमा एवं रेनू गुप्ता
पादप व्याधी विज्ञान विभाग
महाराणा प्रताप कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय
उदयपुर – 313001

Facebook Comments

About the author

bheru lal gaderi

Hello! My name is Bheru Lal Gaderi, a full time internet marketer and blogger from Chittorgarh, Rajasthan, India. Shouttermouth is my Blog here I write about Tips and Tricks,Making Money Online – SEO – Blogging and much more. Do check it out! Thanks.